Oracle Layoffs: नौकरी गई, सिस्टम लॉक हुआ… CEO की सलाह पर क्यों भड़के लोग?
Oracle ने कथित तौर पर भारत में करीब 12,000 कर्मचारियों की छंटनी की है, जो एक वैश्विक स्तर की कटौती का हिस्सा है जिसमें लगभग 30,000 नौकरियां प्रभावित हो सकती हैं। कई कर्मचारियों को सुबह-सुबह ईमेल के जरिए जानकारी दी गई और तुरंत उनका सिस्टम एक्सेस बंद कर दिया गया, जिससे प्रक्रिया को लेकर चिंता बढ़ी है। भारत इस छंटनी से सबसे ज्यादा प्रभावित क्षेत्रों में शामिल है। इसका मुख्य कारण कंपनी का फोकस अब AI, ऑटोमेशन और क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर की ओर बढ़ना बताया जा रहा है। इस बीच Aravind Srinivas के बयान ने विवाद खड़ा कर दिया, जिसमें उन्होंने प्रभावित कर्मचारियों को बिजनेस शुरू करने की सलाह दी थी, जिस पर सोशल मीडिया पर काफी आलोचना हुई। यह घटनाक्रम टेक इंडस्ट्री में नौकरी की सुरक्षा और AI के बढ़ते प्रभाव को लेकर बढ़ती चिंताओं को उजागर करता है।

- Oracle ने भारत में करीब 12,000 कर्मचारियों की छंटनी की।
- कई कर्मचारियों को सुबह ईमेल मिला और तुरंत सिस्टम एक्सेस (VPN, Slack) बंद कर दिया गया।
- कंपनी वैश्विक स्तर पर लगभग 30,000 नौकरियां खत्म कर सकती है।
- छंटनी के पीछे AI और ऑटोमेशन की ओर बढ़ता फोकस प्रमुख कारण बताया जा रहा है।
- Aravind Srinivas के बयान ने विवाद खड़ा किया।
- उनके “बिजनेस शुरू करो” वाले सुझाव पर सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रिया आई।
टेक सेक्टर में छंटनी के बीच Oracle के बड़े फैसले ने हजारों कर्मचारियों को प्रभावित किया है। भारत में लगभग 12 हजार लोगों की नौकरी जाने के बाद हालात और ज्यादा चर्चा में तब आए जब AI कंपनी के CEO के एक बयान ने विवाद खड़ा कर दिया।
सुबह 6 बजे मेल, तुरंत सिस्टम लॉक
रिपोर्ट्स के मुताबिक, कई कर्मचारियों को सुबह-सुबह ईमेल के जरिए नौकरी खत्म होने की सूचना दी गई।
ईमेल में बताया गया कि उनका रोल खत्म किया जा रहा है और उसी समय से उनका सिस्टम एक्सेस भी बंद कर दिया गया। कई कर्मचारियों के VPN और अन्य ऑफिस टूल्स तुरंत ब्लॉक कर दिए गए, जिससे वे काम जारी नहीं रख सके।
इस अचानक कार्रवाई ने कर्मचारियों के बीच असंतोष और चिंता बढ़ा दी।
भारत पर बड़ा असर, और बढ़ सकती है छंटनी
कंपनी ने भारत में करीब 12,000 कर्मचारियों को नौकरी से निकाला है।
रिपोर्ट्स के अनुसार, यह सिर्फ शुरुआत हो सकती है और आने वाले समय में वैश्विक स्तर पर करीब 30,000 तक नौकरियां खत्म होने की आशंका जताई जा रही है।
टेक इंडस्ट्री में यह छंटनी बड़े स्तर पर हो रहे बदलाव की ओर इशारा करती है।
AI और लागत कटौती बना कारण
छंटनी के पीछे मुख्य वजह कंपनी का बिजनेस स्ट्रक्चर बदलना और लागत कम करना बताया जा रहा है।
Oracle अब AI और ऑटोमेशन पर ज्यादा ध्यान दे रही है, जिसके चलते पारंपरिक रोल्स की जरूरत कम हो रही है।
यह बदलाव सिर्फ Oracle तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरी टेक इंडस्ट्री में AI के चलते जॉब प्रोफाइल बदल रहे हैं।
CEO की सलाह पर क्यों हुआ विवाद?
छंटनी के बीच Aravind Srinivas का एक बयान चर्चा में आ गया।
उन्होंने एक पॉडकास्ट में कहा कि जिन लोगों की नौकरी AI के कारण गई है, उन्हें इसे एक अवसर की तरह देखना चाहिए और अपना बिजनेस शुरू करना चाहिए।
उनका मानना था कि AI टूल्स लोगों को नए स्किल सीखने और छोटे बिजनेस शुरू करने का मौका दे सकते हैं।
सोशल मीडिया पर लोगों का गुस्सा
इस बयान पर सोशल मीडिया पर काफी आलोचना हुई।
कई लोगों ने कहा कि “बिजनेस शुरू करना आसान नहीं होता” और हर किसी के पास इसके लिए पैसे, संसाधन या सपोर्ट नहीं होता।
कुछ यूजर्स ने यह भी कहा कि नौकरी खोने की समस्या को हल्के में लेना गलत है और इससे प्रभावित लोगों की वास्तविक मुश्किलों को नजरअंदाज किया जा रहा है।
टेक इंडस्ट्री में बढ़ती चिंता
Oracle की छंटनी और इस पर हुई बहस ने एक बड़ी चिंता को सामने ला दिया है—AI के कारण नौकरी का भविष्य।
विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले समय में AI कई पारंपरिक नौकरियों को प्रभावित कर सकता है, खासकर टेक सेक्टर में।
इस घटना ने यह साफ कर दिया है कि AI सिर्फ तकनीकी बदलाव नहीं, बल्कि रोजगार के स्वरूप को भी तेजी से बदल रहा है।
References
- नौकरी गई, सिस्टम लॉक हुआ… Oracle की छंटनी के बाद CEO की सलाह पर क्यों भड़के लोग?
